Table of Contents
Hindi Shayari – Maa ka Pyar

अल्फाज़ नहीं है मेरे पास
माँ का प्यार बताने को
केवल एक जन्म काफी नहीं है
उसकी कुर्बानियों का ऋण चुकाने को
कभी मिले मौका जो रब्ब से पूछेगे हम
आखिर किस मिटटी से बनाया तूने माँ को
दुनिया में सबसे गहरा रिश्ता
होता है इक माँ का
नि: स्वार्थ, अनमोल व सबसे प्यारा रिश्ता
होता है इक माँ का
लाख कर लें हम गलतियां,
और लाख करें धिक्कार
पर फिर भी औलाद बिना
आये न माँ को आराम |
कितना पावन कितना अनमोल
रिश्ता है माँ का
ज़न्नत से भी प्यारा एहसास होता है इक माँ का
तेरी रज़ा में तेरे चरणों में
मिट जाती है दुःख तकलीफ
ऐसा ओहदा होता है इक माँ का |
Also Read : Jaane kahan gaye vo din
Pal Pal dil ke pass
